राजनीती, राज्यों से, वायरल

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का नशे के खिलाफ एक और कठोर कदम मादक द्रव्यों पर प्रतिबन्ध के लिए नशा निवारण बोर्ड गठित

Viral Bharat / January 15, 2020

आप सभी को याद होगा कि पिछले साल नशे के खिलाफ हिमाचल के मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी समेत पांच राज्यों के सीएम ने एक बैठक करके मंथन किया था, और एक प्रस्ताव पर सहमति बनी थी। उसने ही उस वक़्त दिखा दिया था की प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर नशे को लेकर कितना गंभीर हैं। अब प्रदेश सरकार ने राज्य में मादक द्रव्यों पर प्रतिबन्ध के लिए मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हिमाचल प्रदेश नशा निवारण बोर्ड का गठन किया है।

नशे के सौदागरों के खिलाफ जयराम सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है। जयराम सरकार देवभूमि हिमाचल को नशा मुक्त करने के लिए जो भी कदम हो उठाने के लिए तैयार है। जिस नशा निवारण बोर्ड का गठन किया गया है उसका काम ही नशे के खिलाफ अभियान चलाना है।

इस बोर्ड में मुख्य सचिव, प्रशासनिक सचिव गृह, आबकारी एवं कराधान, राजस्व, वन, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता, कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा और पुलिस महानिदेशक अधिकारिक सदस्य होंगे जबकि राज्य कर एवं आबकारी आयुक्त सदस्य सचिव होंगे।

आपको हम यहां बता दें कि वरिष्ठ पत्रकार अश्वनी शर्मा, प्रकाश भारद्वाज, बीरबल शर्मा और भानू पी. लोहमी, अर्जुन पुरस्कार विजेता डीएसपी अजय शर्मा, आबकारी एवं कराधान विभाग के सेवानिवृत्त अतिरिक्त आयुक्त संजय भारद्वाज, आईजीएमसी शिमला के पूर्व प्रधानाचार्य डाॅ. रवि शर्मा और श्रीराम अस्पताल शिमला के सीईओ अंकुर चैहान इस बोर्ड के गैर सरकारी सदस्य होंगे।

चण्डीगढ़ जोन के नारकोटिक्स कन्ट्रोल ब्यूरो के पूर्व अधीक्षक, आईएनएसए, नई दिल्ली के सदस्य ओम प्रकाश को इस बोर्ड का संयोजक एवं सलाहकार नियुक्त किया गया है। संयोजक एवं सलाहकार और गैर सरकारी सदस्यों का कार्यकाल दो वर्ष होगा। बोर्ड का मुख्यालय शिमला में होगा।

यह बोर्ड राज्य में विभिन्न दवाओं और नशीली दवाओं की प्रवर्तन एजेंसियों के बीच सह-समन्वयक के रूप में कार्य करेगा। बोर्ड अन्तरराज्यीय स्तर पर मादक द्रव्यों की तस्करी, उत्पादन और वितरण रोकने के लिए सुझाव भी देगा।